Hindi #1

Machal Machal Ke Chalo Yaar Ne Pukara Hai

📜 Hindi 🎵 21 Lines ⏱️ 1 Min Read ✨ Naat Shareef

मचल मचल के चलो यार ने पुकारा है

क़सम ख़ुदा की वहीं ख़ुल्द का नज़ारा है

वो देखो का'बे का मीज़ाब वज्द करता है

ख़ुदा के प्यारे नबी की तरफ़ इशारा है

हबीब और मुहिब का ये प्यार तो देखो

ख़ुदा कहे जो तुम्हारा है वो हमारा है

मज़ा तो जब है कि सरकार हश्र में कह दें

फ़रिश्तो ! छोड़ दो इस को कि ये हमारा है

कुछ और माँग ले, उन के करम का क्या कहना

न उस की हद है, न उस का कोई किनारा है

कमाल-ए-हज़रत-ए-अहमद रज़ा की शान-ओ-मकाँ

किताब-ए-'इश्क़-ए-मुहम्मद का इक शुमारा है

अगरचे हादी-ए-ख़स्ता गुनाहगार सही

मगर, हुज़ूर ! ये किस का फ़क़त तुम्हारा है

नहीं है, हादी ! 'अमल कुछ ब-जुज़ ये ना'त-ए-नबी

उवैस-ए-क़ादरी पढ़ दे, यही सहारा है

शायर:

शैख़ अब्दुल हादी

(ख़लीफ़ा-ए-मुफ़्ती-ए-आ'ज़म-ए-हिन्द)

ना'त-ख़्वाँ:

ओवैस रज़ा क़ादरी